जयपुर। महिला आरक्षण बिल को लेकर कांग्रेस और भाजपा आमने-सामने हैं। भाजपा जहां कांग्रेस पर आरोप लगा रही कि महिला आरक्षण बिल पारित नहीं होने दिया गया, दूसरी ओर कांग्रेस ने अभियान चला दिया है कि 2023 में जो महिला आरक्षण बिल पारित हुआ था,उस तुरंत प्रभाव से लागू करते हुए 543 लोकसभा सीटों पर 33% आरक्षण लागू किया जाए।
महिला आरक्षण बिल,जो साल 2023 में संसद से पारित महिला आरक्षण बिल को तुरंत लागू करने की मांग को लेकर महिला ने प्रधानमंत्री के नाम पोस्टकार्ड अभियान शुरू किया। महिला कांग्रेस की प्रदेशाध्यक्ष सारिका सिंह ने बताया कि अलग-अलग जिलों में जाकर जिलेवार पोस्टकार्ड अभियान शुरू कर रहे हैं। डीडवाना-कुचामन के बाद आज अजमेर में पोस्टकार्ड अभियान शुरू किया। उसके बाद जयपुर और अन्य जिलों में भी पोस्टकार्ड अभियान शुरू करेंगे। सिंह का कहना था कि जिस महिला आरक्षण बिल की स्वीकृति मिल चुकी है, संविधान का हिस्सा हो चुका है। प्रधानमंत्री मोदी और बीजेपी सरकार लगातार अलग-अलग बहाने बनाकर महिला आरक्षण बिल 2023 को लागू नहीं कर रही है, इसीलिए ऑल इंडिया महिला कांग्रेस की ओर से पोस्टकार्ड अभियान शुरू किया गया। इसके जरिए हम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा को मजबूर करेंगे कि वो महिला आरक्षण बिल 2023 को तुरंत लागू करें।
सारिका सिंह ने कहा कि पोस्टकार्ड अभियान 2 माह चलेगा। जुलाई में मानसून सत्र से पहले पूरे देश से 10 लाख पोस्टकार्ड प्रधानमंत्री के नाम के घर के पते पर भेजे जाएंगे। मांग करेंगे कि महिला आरक्षण बिल को तुरंत लागू किया जाए। इसके साथ ही ओबीसी की महिलाओं को भी आरक्षण दिया जाए।
सारिका ने कहा कि महिला आरक्षण बिल 2023 को पक्ष-विपक्ष ने सर्वसम्मति से पारित किया था, लेकिन सरकार उस बिल को लागू करने की बजाय कांग्रेस पर ही महिला विरोधी होने का आरोप लगा रही है। कांग्रेस की शुरू से मांग है कि लोकसभा की 543 सीटों पर ही महिलाओं को 33 फ़ीसदी आरक्षण दिया जाए। इसके अलावा देशभर की विधानसभाओं की सीटों की संख्या के आधार पर 33 फीसदी आरक्षण लागू कर दिया जाए।