जयपुर। देश के मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान हिरासत लेने के बाद NSUI की पूर्व राष्ट्रीय सचिव रितु बराला के साथ बस में महिला पुलिसकर्मी की ओर से मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल होने के बाद राहुल गांधी ने उसके साथ प्रेस कॉन्फ्रेंस कर शेरनी बताया। वहीं राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने वीडियो कॉल पर बात की। रितु बराला झुंझुनू की रहने वाली हैं और राजस्थान विश्वविद्यालय की छात्र राजनीति में भी सक्रिय रही हैं।
एक दिन पहले हुई मारपीट का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा, अशोक गहलोत, टीकाराम जूली और एनएसयूआई के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़ सहित कई अन्य नेताओं ने एनएसयूआई की महिला कार्यकर्ता के साथ हुई इस मारपीट की निंदा की। राहुल गांधी ने बुधवार को एनएसयूआई की महिला कार्यकर्ता रितु बराला को ‘शेरनी’ बताया। हिरासत में मारपीट की घटना को लेकर राहुल गांधी बुधवार को रितु बराला सहित कई अन्य युवाओं के साथ मीडिया के सामने आए। राहुल गांधी ने कहा, “यह शेरनी है, इसको मारा गया लेकिन इसे कोई डर नहीं लगा।”
मारपीट की वीडियो हुआ बस में रितु बराला और महिला कांस्टेबल के बीच हुई हाथापाई का करीब 2 मिनट का यह वीडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हो रहा है। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि बाद में रितु बराला और अन्य महिला कार्यकर्ताओं को अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां उनका उपचार किया गया। वहां उनके शरीर पर चोट के निशान भी मिले हैं। कांग्रेस के राष्ट्रीय संगठन महामंत्री केसी वेणुगोपाल बुधवार को घायल महिला कार्यकर्ताओं से मिलने अस्पताल पहुंचे थे।
मामले में एनएसयूआई के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर महिला कार्यकर्ताओं के साथ हुई मारपीट की निंदा की। उन्होंने कहा कि वोट चोरी के खिलाफ आवाज उठाने वाली एनएसयूआई की हमारी छात्राओं के साथ पुलिस की बर्बरता बेहद शर्मनाक है। आखिर कब तक छात्रों और छात्राओं की आवाज को लाठियों व जुल्मों से दबाया जाएगा? याद रखना, सत्ता के दम पर की गई यह बर्बरता न भूली जाएगी और न भुलाई जाएगी। हर चोट और हर जुल्म का हिसाब लोकतंत्र में दिया जाएगा।
राजस्थान कांग्रेस के अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने भी इस मारपीट की कड़ी निंदा करते हुए कहा, “क्या यही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का नारी वंदन और नारी सम्मान है? देश की बेटियों के साथ यह कैसी बेरहमी और दुर्व्यवहार है? दिल्ली पुलिस ने किसके आदेश पर बेटियों के साथ ऐसी बर्बरता की है? क्या गृहमंत्री अमित शाह इसकी जवाबदेही लेंगे और क्या जिम्मेदार पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई होगी? रितु बराला समेत उन तमाम छात्रों के संघर्ष और साहस को सलाम, जो बाबा साहब द्वारा दिए गए अधिकारों की रक्षा के लिए निडर होकर सत्य की लड़ाई लड़ रहे हैं।”