जयपुर। राजस्थान में 6 और 9 सितम्बर को निकाय चुनाव कराए जाएंगे। वहीं पंचायत चुनाव 13 अक्टूबर से 3 नवंबर तक चार चरणों में कराए जाएंगे। 15 नवंबर तक पूरा चुनाव सम्पन्न करा लिया जाएगा।
राजस्थान में पंचायत और नगर निकाय चुनावों को लेकर राजस्थान हाईकोर्ट ने बेहद महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है। अदालत ने प्रदेश में स्थानीय चुनाव संपन्न कराने के लिए 15 नवंबर 2026 तक की अंतिम समयसीमा तय कर दी है। राजस्थान हाईकोर्ट में सोमवार को राज्य सरकार की ओर से शपथ पत्र पेश कर जानकारी दी गई है कि समस्त प्रक्रिया पूरी कर 15 नवंबर तक प्रदेश में पंचायत और स्थानीय निकाय के चुनाव कर लिए जाएंगे।
राज्य सरकार की ओर से पेश शपथ पत्र को रिकॉर्ड पर लेते हुए अदालत में कहा कि इसके बाद सरकार को चुनाव कराने के लिए कोई भी अतिरिक्त समय नहीं दिया जाएगा। एक्टिंग सीजे संजीव प्रकाश शर्मा और जस्टिस संजीत पुरोहित की खंडपीठ ने आदेश गिर्राज सिंह देवंदा और संयम लोढ़ा की याचिका में राज्य सरकार की ओर से पेश प्रार्थना पत्र को स्वीकार करते हुए दिए।
राज्य सरकार की ओर से महाधिवक्ता राजेंद्र प्रसाद ने हाईकोर्ट में शपथ पत्र पेश कर कहा कि अदालती आदेश की पालना में गत 19 जुलाई को मुख्य सचिव की अध्यक्षता में बैठक हुई थी। इसमें स्वायत्त शासन सचिव रवि जैन, पंचायत राज सचिव जोगाराम, ओबीसी आयोग के सचिव अशोक जैन और स्टेट इलेक्शन कमीशन के सचिव राजेश कुमार वर्मा शामिल हुए। बैठक में ओबीसी आयोग की ओर से आश्वस्त किया गया कि उनकी ओर से 5 अगस्त तक ओबीसी आरक्षण को लेकर रिपोर्ट पेश कर दी जाएगी।
स्वायत्त शासन सचिव और पंचायत राज सचिव की ओर से बताया गया कि ओबीसी आयोग से रिपोर्ट मिलने के 10 दिन के भीतर यानि 15 अगस्त तक वार्डो की लॉटरी निकाल दी जाएगी। इसके साथ ही राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से बताया गया कि यदि उन्हें आरक्षण का वर्गीकरण कर समस्त दस्तावेज उपलब्ध करा दिए जाएंगे तो उनकी ओर से 15 नवंबर तक पंचायत और निकायों के चुनाव आयोजित कर दिए जाएंगे।
इस पर अदालत में सवाल उठाते हुए कहा कि सब कुछ ओबीसी आयोग की रिपोर्ट के बाद प्रस्तावित बताया जा रहा है, यदि ओबीसी आयोग ने समय पर रिपोर्ट नहीं दी, तो क्या निर्वाचन आयोग चुनाव कराने को तैयार है? इस पर अदालत को आश्वस्त किया गया कि ओबीसी आयोग 5 अगस्त तक अपनी रिपोर्ट दे देगा। इस पर अदालत ने कहा कि निर्वाचन आयोग चुनाव अधिसूचना जारी करने के तय तारीख बताए। इस पर निर्वाचन आयोग की ओर से कहा गया कि पहले निकाय चुनाव कराए जाएंगे, जिसकी अधिसूचना 17 अगस्त को जारी की जाएगी और चुनाव 20 सितंबर तक करा लिए जाएंगे।
पंचायत चुनाव 15 नवंबर तक: वहीं, 23 सितंबर को पंचायत के चुनाव की अधिसूचना जारी होगी और 15 नवंबर तक चुनाव पूरा करा लिया जाएगा। निर्वाचन आयोग की ओर से चुनाव को लेकर समय सारणी भी पेश की गई. वहीं, याचिकाकर्ताओं की ओर से अधिवक्ता पुनीत सिंघवी और प्रेमचंद देवंदा ने राज्य सरकार के प्रार्थना पत्र का विरोध करते हुए कहा कि अदालत पूर्व में राज्य सरकार के समय बढ़वाने के लिए पेश प्रार्थना पत्र को खारिज कर चुकी है, अब वही बात इस शपथ पत्र के जरिए कही जा रही है। दोनों पक्षों को सुनने के बाद अदालत ने राज्य सरकार को 15 नवंबर तक चुनाव पूरे करने की हिदायत दी है।