जयपुर। जयपुर, जोधपुर, उदयपुर और बीकानेर नगर निगम में महापौर सामान्य वर्ग से होगा। प्रदेश के 309 शहरी निकाय प्रमुखों की गुरुवार को निकाली गई लॉटरी में अलवर, अजमेर, भीलवाड़ा, कोटा, पाली और भरतपुर में महिला महापौर होगी।
प्रदेश के कुल 309 शहरी निकायों में निकाली है लॉटरी में आरक्षण की श्रेणीवार स्थिति में अनुसूचित जाति (SC) के लिए 50 पद आरक्षित किए गए हैं। इनमें 16 पद SC महिला के लिए होंगे। इसी तरह अनुसूचित जनजाति (ST) के 11 पद आरक्षित हैं, जिनमें 3 पद महिलाओं के लिए रखे गए हैं, अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के हिस्से में 60 पद आए हैं। इनमें 21 पद OBC महिलाओं के लिए आरक्षित किए गए हैं वहीं, सबसे ज्यादा 188 पद अनारक्षित श्रेणी में रखे गए हैं। अनारक्षित श्रेणी के 188 पदों में से 62 पद महिलाओं के लिए आरक्षित होंगे।
लॉटरी के बाद जयपुर, जोधपुर, उदयपुर और बीकानेर जैसे बड़े नगर निगमों में मेयर पद अनारक्षित रहने से इन शहरों में सामान्य वर्ग के संभावित दावेदारों के बीच मुकाबला तेज होने की संभावना है। वहीं, अलवर, अजमेर, भीलवाड़ा और कोटा, पाली, भरतपुर महिला महापौर बनने के कारण महिलाओं दावेदारों में टक्कर होगी।
लॉटरी के अनुसार 10 नगर निगमों में 6 महिला महापौर, 60 फीसदी पद महिलाओं के लिए आरक्षित रखे गए हैं। कुल महापौर पदों में 60 प्रतिशत पद महिलाओं के लिए आरक्षित रहेंगे। आरक्षण की लॉटरी के बाद अब निकाय चुनावों की तैयारियां तेज हो गई हैं। महिला आरक्षण के तहत कोटा नगर निगम का महापौर पद ओबीसी महिला के लिए आरक्षित किया गया है।
वहीं, भरतपुर, पाली, अलवर, भीलवाड़ा और अजमेर नगर निगम में सामान्य महिला के लिए महापौर पद आरक्षित रहेगा। ऐसे में इन छह नगर निगमों में इस बार महिला उम्मीदवारों के बीच मुकाबला होगा। महापौर पदों के आरक्षण को लेकर नगरीय विकास एवं आवासन मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने कहा कि महिला शक्ति को आगे बढ़ाने की दिशा में यह महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि महिलाएं जिम्मेदारी मिलने पर बेहतर तरीके से काम करेंगी और नगरीय निकायों के विकास में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी।
खर्रा ने बताया कि राज्य के नगर निकायों के वार्डों की आरक्षण प्रक्रिया संबंधित लॉटरी जिले के जिला कलेक्टर की ओर से 17 अगस्त को निकाली जाएगी। लॉटरी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद 18 अगस्त को स्वायत्त शासन निदेशालय की ओर से इसका परीक्षण किया जाएगा। परीक्षण के बाद आरक्षण से संबंधित पूरी प्रक्रिया को अंतिम रूप दिया जाएगा। विभाग की ओर से 18 अगस्त की रात या 19 अगस्त को राज्य निर्वाचन आयोग को आरक्षण संबंधी विवरण सौंपे जाने की संभावना है और इसके बाद फिर चुनावी कार्यक्रम तय होगा।
आरक्षण के बाद यह होगी स्थिति
प्रदेश के 309 निकायों में SC के 50 पद (16 महिला), ST के 11 पद (3 महिला), OBC के 60 पद (21 महिला) और 188 अनारक्षित पद (62 महिला) के लिए होंगे।
जयपुर संभाग के 91 निकायों में से SC के 13 पद, इनमें 4 महिला; ST के 6 पद, इनमें 2 महिला; OBC के 19 पद, इनमें 6 महिला; 53 अनारक्षित, इनमें 18 महिला के लिए होंगें
उदयपुर संभाग में 28 निकाय में से SC का 1 पद; ST के 4 पद, इनमें 1 महिला; OBC के 5 पद, इनमें 2 महिला; 18 अनारक्षित, इनमें 6 महिला के लिए होंगे। अजमेर संभाग में 52 निकाय में से SC के 8 पद, इनमें 3 महिला; OBC के 10 पद, इनमें 3 महिला; 34 अनारक्षित, इनमें 11 महिला के लिए होंगे। भरतपुर संभाग में 32 निकाय में से SC के 9 पद, इनमें 3 महिला; ST का 1 पद; OBC के 6 पद, इनमें 2 महिला; 16 अनारक्षित, इनमें 5 महिला के लिए होंगे।
बीकानेर संभाग के 37 निकाय में से SC के 5 पद, इनमें 2 महिला; OBC के 7 पद, इनमें 2 महिला; 25 अनारक्षित, इनमें 8 महिला के लिए होंगे। वहीं कोटा संभाग के 28 निकाय में से SC के 4 पद, इनमें 1 महिला; OBC के 5 पद, इनमें 2 महिला; 19 अनारक्षित हैं। इनमें 6 महिला के लिए होंगे।
जोधपुर संभाग में 41 निकाय में से SC के 10 पद, इनमें 3 महिला; OBC के 8 पद, इनमें 3 महिला; 23 अनारक्षित, इनमें 8 महिला के लिए होंगे।