बीकानेर। जिले के रणजीतपुरा इलाके में स्कूल गई नाबालिग बच्ची के साथ दुष्कर्म और हत्या की घटना के बाद लोगों के आक्रोश के चलते गतिरोध तीसरे दिन भी नहीं टूटा। आंदोलनकारियों की जिला कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक के साथ वार्ता सोमवार को विफल रही। इसी के चलते हत्या के विरोध में क्षेत्र के बज्जू, रणजीतपुरा एवं गौड़ू के बाजार बंद रहे। लोगों में आक्रोश दिखा और बज्जू अस्पताल की मोर्चरी के आगे धरना जारी है।
धरने पर बैठे केश कला बोर्ड के पूर्व अध्यक्ष महेंद्र गहलोत ने बताया कि प्रशासन के आला अधिकारियों के साथ वार्ता हुई थी, लेकिन हमारी मांग है कि आरोपी को गिरफ्तार करने के बाद ही बच्ची के शव का पोस्टमार्टम कराएंगे। परिजनों को एक करोड़ रुपए मुआवजा और संविदा पर नौकरी की घोषणा की जाएं, लेकिन पुलिस और प्रशासन तत्काल पोस्टमार्टम कराना चाहता है। इसी बात को लेकर गतिरोध बना है। पूर्व मंत्री भंवर सिंह भाटी, पूर्व मंत्री गोविंद मेघवाल, कांग्रेस नेता भागीरथ तेतरवाल, देहात भाजपा अध्यक्ष श्याम पंचारिया, दलित नेता मगनाराम, रालोपा के विजयपाल बेनीवाल आदि भी मौजूद थे। घटना के विरोध में सोमवार शाम बज्जू के मुख्य बाजारों में आंदोलनकारियों ने कैंडल मार्च निकाला। आरोपियों को जल्द गिरफ्तार करने और कड़ी सजा देने की मांग की।
इधर सूरतगढ़ से कांग्रेस विधायक डूंगरराम गेदर ने बच्ची के दुष्कर्म और हत्या का मामला विधानसभा में उठाया। नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने सरकार से जवाब मांगा। इस बीच, कोलायत विधायक अंशुमान सिंह भाटी ने इस मामले को लेकर गृह राज्यमंत्री जवाहर सिंह बेढम से मुलाकात की और पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की।