खैरथल – तिजारा। जिले के भिवाड़ी के यूआईटी फेस-3 थाने में पुलिस की ओर से नाबालिग से बुरी तरह मारपीट करने के मामले में थाना इंचार्ज सहित चार के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। नाबालिग से इतनी मारपीट की गई कि उसकी तबीयत बिगड़ गई और उसे जयपुर रेफर करना पड़ा, जहां आईसीयू में भर्ती है।
जानकारी के अनुसार पीड़ित के परिजनों ने मामला दर्ज कराने की कोशिश की,लेकिन दर्ज नहीं किया गया। मामला दर्ज नहीं होने पर रविवार देर रात कांग्रेस जिला अध्यक्ष बलराम यादव के साथ कई लोग थाने के बाहर धरने पर बैठ गए। इसके बाद देर रात इस मामले में थाना अधिकारी समेत चार लोगों के खिलाफ एसटी-एससी की धाराओं में मामला दर्ज किया गया। इसकी जांच एएसपी को सौंपी गई है।
एसटी-एससी सेल व प्रकरण के जांच अधिकारी शीशराम मीणा ने बताया कि पीड़ित पक्ष की शिकायत की जांच कर रहे हैं। पीड़ित का इलाज जयपुर के अस्पताल में जारी है। पीड़ित के परिजन सतबीर ने बताया कि 21 अप्रैल 2026 को करीब 3 बजे पुलिस थाना भिवाड़ी फेस-3 से सिपाही गोपाल व साथी पुलिसकर्मी घर आए और नाबालिग लोकेश कुमार को घर से जबरदस्ती ले गए। उस समय वह बिल्कुल ठीक था। इसके बाद चचेरे भाई धर्मवीर के पास थाना प्रभारी धारासिंह मीणा का फोन आया, जिसने लोकेश से बात कराई। तब लोकेश ने बताया कि पुलिस वाले उसे बुरी तरह पीट रहे हैं। उसने पुलिस से छुड़ाने की गुहार लगाई। अगले दिन सुबह 9 बजे लोकेश के पिता नरेश और धर्मबीर थाने गए, जहां पुलिसकर्मी ने बिना अधिकारी की अनुमति के लोकेश से मिलाने से मना कर दिया।
पीड़ित के परिजनों ने बताया कि कुछ समय बाद लगभग दोपहर 12.30 बजे थाना प्रभारी धारासिंह मीणा का फोन आया कि लोकेश को भिवाड़ी के हॉस्पिटल में भर्ती कराया है। आप आधार कार्ड लेकर जल्दी पहुंचे। जब हम अस्पताल पहुंचे तो देखा कि लोकेश अत्यंत गंभीर अवस्था में बेहोशी की हालत में वेंटिलेटर पर था। डॉक्टरों ने उसकी हालत गंभीर बताई। इसके बाद उसे इलाज के लिए हायर सेंटर ले जाने को कहा। इसके बाद पुलिसकर्मी गंभीर घायल अवस्था में लोकेश को जयपुर ले गए।
परिजन सतबीर ने यह आरोप भी लगाया कि पीड़ित के चेचरे भाई अरुण ने हॉस्पिटल पहुंचकर लोकेश की गंभीर अवस्था की वीडियो व फोटो बनाने की कोशिश की तो मौके पर मौजूद पवन यादव व एसएचओ धारा सिंह मीणा ने अरुण को धमकाकर वीडियो डिलीट कराकर मामले को दबाने की कोशिश की। पीड़ित पक्ष ने शिकायत में थाने के एसएचओ धारा सिंह, पुलिसकर्मी गोपाल, गोविंद व पवन यादव व अन्य पुलिस कर्मियों की ओर से नाबालिग लोकेश को अवैध रूप से हिरासत में लेकर मारपीट एवं थर्ड डिग्री यातना देने की शिकायत दी। नाबालिग से मारपीट के मामले में शिकायत दर्ज नहीं होने से रविवार देर रात तक थाने में कांग्रेस जिला अध्यक्ष बलराम यादव के नेतृत्व में कई लोगों ने धरना प्रदर्शन किया, जिसके बाद मामला दर्ज किया गया।