विशाखापत्तनम। आंध्र प्रदेश के विशाखापत्तनम स्टील प्लांट से एक बेहद दर्दनाक हादसे में खौलते हुए लोहे ने 9 मजदूरों की जान ले ली। सोमवार शाम करीब 4.15 बजे भारी मात्रा में पिघला हुआ लोहा उठाते समय मजदूरों पर गिर गया। इस हादसे में 9 लोगों की मौत हो गई और 11 घायल हो गए। जिनमें से कुछ की हालत गंभीर है। जिनका इलाज के लिए विशाखापत्तनम स्टील प्लांट हॉस्पिटल ले जाया गया।
शुरुआती जानकारी के अनुसार यह हादसा स्टील प्लांट के एसएमएस-2 और एसटीसी-3 हीट एफजी विभाग में उस समय हुआ, जब क्रेन के जरिए खौलते हुए लिक्विड स्टील को ऊपर उठाया जा रहा था। लगभग 1,500 डिग्री सेल्सियस के अत्यधिक ऊंचे तापमान पर उबल रहे इस मेटल लिक्विड का लैडल अचानक अनियंत्रित होकर हिल गया, जिससे खौलता हुआ गर्म स्टील वहां काम कर रहे मजदूरों पर जा गिरा। स्टील लिक्विड गिरते ही फैक्ट्री में आग लग गयी।
मृतकों की पहचान अप्पाराव, प्रभाकर राव, कृष्णा, रमना, त्रिनाथ, अप्पालाराजू और कुमार के रूप में की गयी. दो मृतकों की पहचान नहीं हो सकी है। आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू ने विशाखापत्तनम स्टील प्लांट में हुए हादसे पर दुख जताते हुए घायलों को बेहतर इलाज और सभी डिपार्टमेंट मिलकर राहत के उपाय करने के आदेश दिये हैं। केंद्रीय मंत्री भूपति राजू श्रीनिवास वर्मा ने भी स्टील प्लांट में हुए हादसे के बारे में जानकारी ली।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को विशाखापत्तनम स्टील प्लांट की घटना पर दुख जताने के साथ मरने वालों के परिजनों को 2 लाख रुपये और घायलों को 50,000 रुपये देने की घोषणा की है।